काली पट्टी बांधकर कार्यालय पहुंचे कर्मचारी, सरकार की नीतियों का किया विरोध

मंदसौर।

कोरोना(corona) संकटकाल और देशव्यापी लॉकडाउन(lockdown) के बीच व्यापारी वर्ग त्रस्त है। इसी बीच सरकार(government) ने मंडी एक्ट में संशोधन किया। जिसको लेकर निजी मंडी के कई नियमों में बदलाव किये गए हैं। जिसकी वजह से मंडी कर्मचारियों में रोष व्याप्त है। इसी को लेकर आज शुक्रवार को मंडियों(mandis) में काम कर रहे कर्मचारी वर्तमान में काली पट्टी(Black stripe) बांधकर दफ्तरों में काम करने पहुंचें और सरकार की नीतियों पर विरोध जताया।

दरअसल शुक्रवार को मंडी कर्मचारी(Staff) सरकार के निर्णय का विरोध कर रहे हैं। मंदसौर(mandsaur) मंडी में भी सभी कर्मचारियों ने आक्रोश जताया और काली पट्टी बांधकर के कार्य किया और सोशल डिस्टेंसिंग(social distancing) का पालन करते हुए नारेबाजी करते हुए इस एक्ट(act) के विरोध में नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया। मंडी क्षेत्र में निजी मंडी को बढ़ावा देने का कर्मचारियों द्वारा विरोध किया जा रहा है। वहीँ सरकार से मंडी एक्ट में फिर से संशोधन कर मंडी हितों का ध्यान रखने की मांग की जा रही है।

बता दें कि संयुक्त संघर्ष मोर्चा मध्य प्रदेश मंडी बोर्ड के आवाहन पर कृषि उपज मंडी अधिनियम 1972 को संशोधन कर मॉडल एक्ट लागू करने के विरोध में पहले भी सरकार को पत्र देकर स्थिति से अवगत कराया गया। शासन द्वारा कोई निर्णय नहीं लिया गया। इसी के कारण गुरुवार से संयुक्त मोर्चा मंडी बोर्ड के आह्वान पर प्रदेश की सभी मंडियों के साथ शहर सहित जिले की सभी मंडियों में अधिकारी कर्मचारियों द्वारा काली पट्टी बांधकर कार्य किया गया था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here