Al Sinniyah Island: वैज्ञानिकों ने खोजा 1600 साल पुराना ‘मोतियों का शहर’, जानिए क्या हुआ खुलासा?

Al Sinniyah Island: संयुक्त अरब अमीरात में एक प्राचीन नगर की खोज की गई है, जो की करीब 1600 साल पुराना बताया जा रहा है। इस महत्वपूर्ण खोज से इलाके के इतिहास के बारे में और नई महत्वपूर्ण जानकारियां मिलने की संभावना है।

Al Sinniyah Island: संयुक्त अरब अमीरात के पुरातत्वविदों ने एक बड़ी खोज की है। दरअसल उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात में एक प्राचीन नगर की खोज की है। जानकारी के अनुसार यह नगर दुबई से लगभग 42 मील दूर बताया जा रहा है जो उत्तर-पूर्व में अल सिन्नियाह द्वीप पर स्थित है। वहीं इस खोज से पुरातत्व विभाग को एक बड़ी कामयाबी मिली है। दरअसल इसे क्षेत्र के प्रारंभिक इतिहास के बारे ने नई जानकारी मिल सकती है।

दरअसल इस स्थान को ‘पर्लिंग सिटी’ या ‘मोतियों का शहर’ भी कहा गया है। जानकारी के मुताबिक पर्यटकों के लिए लंबे समय अल सिन्नियाह द्वीप एक महत्वपूर्ण आकर्षण बना हुआ है। वहीं पुरातत्वविदों के अनुसार, यहां पर मिले बस्तियों के खंडहर और अवशेष चौथी शताब्दी के हैं, जो कम से कम 1600 साल पुराने हैं। इस महत्वपूर्ण खोज से इलाके के इतिहास के बारे में और नई महत्वपूर्ण जानकारियां मिलने की संभावना है।

वैज्ञानिकों ने किया यह खुलासा:

दरअसल अमेरिकी अखबार मियामी हेराल्ड की रिपोर्ट के अनुसार, वैज्ञानिकों ने खुलासा किया है कि इस स्थान से कई बड़े जार मिले हैं, जिन्हें मेसोपोटामिया से मंगाया गया था। जबकि दो स्थानों पर आरामी भाषा के शिलालेख भी पाए गए हैं, जो पहली से चौथी शताब्दी के बीच के माने जा रहे हैं। पुरातत्वविदों का अनुमान है कि अल सिन्नियाह द्वीप पर खोजे गए खंडहर तवाम के गुमशुदा शहर के अवशेष हो सकते हैं।

जानिए इसे मोतियों का शहर क्यों कहा जा रहा है:

जानकारी के मुताबिक अल सिन्नियाह द्वीप पर मिले अवशेषों के आधार पर इसे ‘मोतियों का शहर’ कहा जा रहा हैं। जबकि अधिकारियों के अनुसार, ‘पर्लिंग’ शब्द का मतलब समुद्र में गोता लगाकर मोती और अन्य समुद्री जीवों को ढूंढ़ने की प्रथा से है। यह प्रथा यहां की संस्कृति का भी प्रतीक रही है, जिसे लोग हजारों सालों से निभाते आ रहे हैं। ऐसा माना जा रहा है कि इस प्राचीन शहर के निवासी समुद्र पर निर्भर थे, इसलिए इसे ‘पर्लिंग सिटी’ के नाम से जाना जा रहा है।

द्वीप पर चार साल से जारी है खुदाई:

जानकारी के मुताबिक प्राचीन शहर की खुदाई के दौरान प्राप्त चित्रों में तटरेखा के पास स्थित पत्थर की दीवारों की एक श्रृंखला देखी जा सकती है। जबकि ऊपर से देखा जाए तो ऐसा प्रतीत होता है कि यहां कई आयताकार कमरे बने हुए हैं। इसके साथ अधिकारियों ने जानकारी दी कि पिछले चार वर्षों से द्वीप पर खुदाई का काम किया जा रहा है।


About Author
Rishabh Namdev

Rishabh Namdev

मैंने श्री वैष्णव विद्यापीठ विश्वविद्यालय इंदौर से जनसंचार एवं पत्रकारिता में स्नातक की पढ़ाई पूरी की है। मैं पत्रकारिता में आने वाले समय में अच्छे प्रदर्शन और कार्य अनुभव की आशा कर रहा हूं। मैंने अपने जीवन में काम करते हुए देश के निचले स्तर को गहराई से जाना है। जिसके चलते मैं एक सामाजिक कार्यकर्ता और पत्रकार बनने की इच्छा रखता हूं।