नकली रेमडेसिवीर इंजेक्शन मामले पर शिवराज के डीजीपी को निर्देश, आरोपियों को गुजरात से उठाकर लाए मप्र और यहां केस चलाये

मुख्यमंत्री शिवराज ने नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन की सप्लाई करने वालों इन लोगों को जल्द से जल्द गुजरात से गिरफ्तार कर मध्यप्रदेश लाने के निर्देश दिए है

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) में जिस तरह कोरोना मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है उसी तरह मरीजों की जान बचाने के लिए संजीवनी माने जा रहे रेमडेसिवीर इंजेक्शन (Remdesivir Injection) की कालाबाजारी भी दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है ताजा मामला जबलपुर और इंदौर से सामने आया था, जिसको लेकर सीएम शिवराज अब एक्शन मोड पर आ गए है।

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नकली रेमडेसिवीर इंजेक्शन को लेकर अधिकारीयों से की गई बैठक में शिवराज के डीजीपी को सख्त निर्देश दिए और कहा कि नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन का धंधा करने वालों पर गंभीर मामला बनता है। असली इंजेक्शन लगता तो शायद लोगों को बचाया जा सकता था, लेकिन नकली के कारण जान गई है। यह तो हत्या का मामला है। अत: मध्यप्रदेश पुलिस को उन्हें गुजरात से उठाकर लाना चाहिए, क्योंकि इंजेक्शन तो यहां बेचे गये हैं।

नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन का धंधा करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही होगी

मुख्यमंत्री ने कहा कि मरीज के परिजन असली समझ के नकली इंजेक्शन ले लेते है और परिजनों को संतोष हो जाता है कि मरीज को इंजेक्शन लग गया। उन्होंने कहा कि, प्रॉपर इंजेक्शन नहीं मिलने से मृत्यु भी हो सकती है। सही इंजेक्शन मिलने से मरीज के बचने की संभावना होती है। उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसे मामलों का विधि पूर्वक परीक्षण करे इसकी गहराई में जाएं और विधि विशेषज्ञों से मामले में परामर्श लें। उन्होंने कहा कि, मैं केवल इतना चाहता हूं ऐसे नर पिशाच किसी भी कीमत पर बचना नहीं चाहिए।

कालाबाजारी चरम पर
बतादें कि हाल ही में मध्यप्रदेश में रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी का ताजा मामला जबलपुर से सामने आया था जहां पर हॉस्पिटल संचालक ने नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन मरीजों को लगाने का आरोप लगाया गया है। जबलपुर के सिटी हॉस्पिटल संचालक सरबजीत सिंह मोखा के ऊपर नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन लगाने के आरोप लगे हुए हैं वही इंदौर में भी नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन की खेप मध्यप्रदेश बुलाई गई थी जो ग्लूकोज और नमक मिलाकर बनाई गई थी। वही इन सब का कनेक्शन गुजरात से होना पाया गया है जिसके बाद शिवराज ने पुलिस से सख्त निर्देश देते हुए कहा की की आरोपियों को गुजारत से लाया जाये और मध्यप्रदेश में केस दर्ज कर अजा दी जाये। बतादें की इस पुरे मामले में गुजरात पुलिस भी मप्र पहुंची है और कार्यवाही कर रही है।