मप्र के 14 जिलों में टोटल लॉकडाउन, कोरोना की बात छुपाई तो होगी FIR

भोपाल| मध्य प्रदेश में तेजी से फेल रहे कोरोना संक्रमण को रोकने सरकार लगातार बड़े फैसले ले रही है| इसी क्रम में 14 जिलों को पूरी तरह से सील किया गया है| मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को मंत्रालय में कोरोना वायरस की स्थिति और व्यवस्थाओं की समीक्षा के दौरान भोपाल, उज्जैन, इंदौर को पूरी तरह सील करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन जिलों में भी पूरी तरह लॉकडाउन करने को कहा जहां संक्रमित व्यक्ति मिले हैं। इन क्षेत्रों में कोई भी व्यक्ति न तो अंदर जा सकेगा और न ही बाहर। जिला प्रशासन ही आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित कराएगा।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि कोई भी व्यक्ति कोरोना रोग को नहीं छुपाए। यह भी बताए कि वह किस-किस के संपर्क में आया है। उन्होने कहा कि कोरोना छुपाने पर मौत है तथा बताने पर जिंदगी। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि जो व्यक्ति इसे छुपाए, उसके विरुद्ध एफआइआर दर्ज की जाए तथा इलाज के बाद उसके विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई की जाए। श्री चौहान ने कहा कि जो भी व्यक्ति कोरोना नियंत्रण कार्य में लगे लोगों से दुर्व्यवहार करता है, उसके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए।

कोरोना वायरस से प्रदेश के 14 जिले प्रभावित
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रदेश में बाहर के राज्यों से आए तथा प्रदेश में वापस लौटे मजदूरों के स्वास्थ्य परीक्षण की अच्छी व्यवस्था हो। उन्होने कहा कि ग्वालियर में एक माइग्रेंट लेबर पॉजिटिव आया है, जो दूसरे राज्य से मध्यप्रदेश आया था। इस प्रकरण में विशेष सतर्कता बरती जाए। समीक्षा के दौरान बताया गया कि प्रदेश में अभी तक कोरोना वायरस से प्रदेश के 14 जिले प्रभावित हुए हैं।

डेथ रेट
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि कोरोना मरीजों की सर्वोत्तम उपचार व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, जिससे डेथ रेट को न्यूनतम किया जा सके। अधिकारियों ने बताया कि अभी प्रदेश में कोरोना डेथ रेट 7:00 से 7:30 प्रतिशत तक है। इलाज के लिए भारत सरकार की गाइडलाइंस फॉलो किए जाने के निर्देश दिए गए हैं।