दमोह में दिल दहला देने वाली वारदात आई सामने, तीन भाइयों ने अपने ही सगे भाई को जिंदा जलाया, मौत

तीन भाइयों ने महज एक जमीन के टुकड़े के लिए अपने भाई को केरोसीन डालकर ज़िंदा आग के हवाले कर दिया। जिससे वह बुरी तरह झुलस गया। और इलाज के दौरान पीड़ित ने जिंदगी की जंग हार दी।

दमोह, आशीष कुमार जैन। महज एक जमीन के टुकड़े के लिए क्या कोई भाई अपने सगे भाई को ज़िंदा आग के हवाले कर सकते है ? ये सुनकर आपको अचरज हो रहा होगा। लेकिन एमपी (MP) के दमोह (Damoh) से एक ऐसी घटना सामने आई है। जहां तीन भाइयों ने महज एक जमीन के टुकड़े के लिए अपने भाई को केरोसीन डालकर ज़िंदा आग के हवाले कर दिया। जिससे वह बुरी तरह झुलस गया। और इलाज के दौरान पीड़ित ने जिंदगी की जंग हार दी।

यह भी पढ़ें… पूर्व मंत्री दीपक जोशी ने जन्मदिन पर गोद ली आदिवासी बस्ती, गरीबों का लिया ज़िम्मा

मामला दमोह जिले के रनेह थाना क्षेत्र के पिपरिया गावं का है। जहां शनिवार की रात ये वारदात हुई और रविवार को इलाज के दौरान ज़िंदा जलाये गए शख्स ने दम तोड़ दिया। दरअसल बाबूलाल अठ्या नाम के शख्स के साथ उसकी बुजुर्ग माँ रहती थी। माँ के हिस्से की जमीन को बाबूलाल ही उपयोग करता था। लेकिन ये बात बाबूलाल के तीनो भाइयों को नागवार गुजर रही थी। उसके भाई माँ के हिस्से की ज़मीन को भी अपने कब्जे में लेना चाहते थे। लेकिन बाबूलाल देने तैयार नहीं था। इस बात से नाराज बाबूलाल के तीनो भाइयों ने पहले उसके साथ जमकर मारपीट की और फिर केरोसीन डालकर उसे ज़िंदा जला दिया। शनिवार रात हुई इस घटना के बाद बाबूलाल के परिजन उसे लेकर हटा सिविल अस्पताल पहुंचे। ज्यादा हालत के कारण फिर उसे इलाज के लिए दमोह के जिला अस्पताल लाया गया। जहां रविवार शाम बाबूलाल ने दम तोड़ दिया। ज़िंदा जलाये जाने की इस घटना के बाद इलाके में सनसनी फैली हुई है। वहीं वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गए है। इस मामले में दमोह के एसपीडीआर तेनीवार का कहना है की मृतक के परिजनों ने अपने ही भाइयों पर ज़िंदा जलाये जाने का आरोप लगाया है। मामले की जाँच की जा रही है और नियम अनुसार कार्रवाई की जाएगी।