Narmadapuram News: बढ़ती गर्मी से परेशान वन्य प्राणी,हाथी ले रहा हेडपंप का सहारा, बंदर पानी की टंकी में बैठकर पा रहा राहत

वीडियो में आप देख सकते हैं किस तरह से एक हाथी ताजे पानी के लिए हैंड पंप का सहारा ले रहा है। वहीं, दूसरे वीडियो में आप देख सकते हैं कि एक बाघ जिसका नाम शंकरा है वह कीचड़ के एक छोटे से गड्ढे में बैठकर और तालाब में तैरकर रहा है।

tiger

Narmadapuram News: बढ़ती हुई गर्मी से जहां एक तरफ मानव जीवन प्रभावित हुआ है, वहीं दूसरी ओर वन्य प्राणी भी गर्मी से काफी प्रभावित हो रहे हैं। दरअसल, भीषण गर्मी के वजह से लोग परेशान हो रहे हैं। गर्मी की वजह से देश के अलग-अलग हिस्सों से लोगों के मौत की भी खबर सामने आ रही है। इसी बीच नर्मदापुरम जिले में स्थित सतपुड़ा टाइगर रिजर्व से वन्य जीवों का वीडियो सामने आ रहा है, जहाँ वन्य प्राणी गर्मी से परेशान नजर आ रहे हैं।

हैंड पंप का सहारा ले रहा हाथी

इन वीडियो में आप देख सकते हैं किस तरह से एक हाथी ताजे पानी के लिए हैंड पंप का सहारा ले रहा है। वहीं, दूसरे वीडियो में आप देख सकते हैं कि एक बाघ जिसका नाम शंकरा है वह कीचड़ के एक छोटे से गड्ढे में बैठकर और तालाब में तैरकर रहा है। इसके अलावा तीसरे वीडियो में एक बंदर गाय के पानी पीने के लिए रखने वाले सकोरों में बैठकर अपने आप को ठंडा रख रहा है।

वन्य प्राणियों पर गर्मी का दिक रहा असर

ऐसे ही कई जतन वन्य प्राणी अपने आप को गर्मी से बचाने के लिए करते नजर आ रहे हैं। सतपुड़ा टाइगर रिजर्व जोकि एक बड़ा क्षेत्र है, वन्य प्राणियों का वहाँ से ऐसे कई दृश्य इस समय सामने आ रहे हैं, क्योंकि अभी नौतपा चल रहा है और पारा अपने चरम पर है। गर्मी बढ़ती जा रही है, जिसके कारण इंसानी जीवन तो ठीक पर वन्य प्राणी भी इसे खास प्रभावित दिखाई दे रहे हैं।

नर्मदापुरम से राहुल अग्रवाल की रिपोर्ट


About Author
Shashank Baranwal

Shashank Baranwal

पत्रकारिता उन चुनिंदा पेशों में से है जो समाज को सार्थक रूप देने में सक्षम है। पत्रकार जितना ज्यादा अपने काम के प्रति ईमानदार होगा पत्रकारिता उतनी ही ज्यादा प्रखर और प्रभावकारी होगी। पत्रकारिता एक ऐसा क्षेत्र है जिसके जरिये हम मज़लूमों, शोषितों या वो लोग जो हाशिये पर है उनकी आवाज आसानी से उठा सकते हैं। पत्रकार समाज मे उतनी ही अहम भूमिका निभाता है जितना एक साहित्यकार, समाज विचारक। ये तीनों ही पुराने पूर्वाग्रह को तोड़ते हैं और अवचेतन समाज में चेतना जागृत करने का काम करते हैं। मशहूर शायर अकबर इलाहाबादी ने अपने इस शेर में बहुत सही तरीके से पत्रकारिता की भूमिका की बात कही है–खींचो न कमानों को न तलवार निकालो जब तोप मुक़ाबिल हो तो अख़बार निकालोमैं भी एक कलम का सिपाही हूँ और पत्रकारिता से जुड़ा हुआ हूँ। मुझे साहित्य में भी रुचि है । मैं एक समतामूलक समाज बनाने के लिये तत्पर हूँ।

Other Latest News