होटल में लगी आग पर विधायक ने उठाये सवाल, ‘सरकार जाग जाती तो यह घटना नहीं होती’

इंदौर| इंदौर के विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 2 के बीजेपी विधायक रमेश मेंदोला ने सोमवार को इंदौर के विजय नगर क्षेत्र में स्थित होटल गोल्डन गेट में लगी आग पर सवाल उठाए। विधायक मेंदोला ने ट्वीट के जरिये कहा कि इंदौर की होटल में आग की घटना अत्यंत दुःखद है। मैंने 6 महीने पहले सरकार को बहुमंजिला इमारतों पर मंडरा रहे खतरे को लेकर चेताया था। विधानसभा में ये मुद्दा उठाया तो सरकार ये कहकर सो गई कि इंदौर की 180 बहुमंजिला इमारतों के पास फायर एन.ओ.सी. नही है और 66 के इक्विपमेंट खराब है। विधायक मेंदोला ने इंदौर में लगी आग के लिए सरकार को जिम्मेदार माना है । 

बता दे कि  उस समय विधानसभा में ये जानकारी भी सामने आई थी की प्रदेश के तेजी से बढ़ते शहर इंदौर में 12 मीटर ऊंची 292 इमारते है जिनमे से 180 इमारतों के पास फायर एनओसी नही है।  इंदौर के विजयनगर क्षेत्र के सत्यसाईं चौराहे से करीबन 1 किलोमीटर दूर स्थित होटल गोल्डन गेट के बेसमेंट में सोमवार सुबह 8 बजे के करीब अचानक आग लग गई थी जिसमे पुलिस ने रेस्क्यू कर 4 से अधिक लोगो की जान बचाई है। आग इतनी भयावह थी कि आस पास की बिल्डिंगों को खाली कराने की नौबत आ गई थी। यदि समय रहते फायर पुलिस और विजयनगर पुलिस सक्रिय नही होती तो इंदौर के इतिहास में सबसे बड़ी आग होती जिसमे कई लोगो की जान चली जाती लेकिन सुखद ये रहा कि ऐसा कुछ नही हुआ। आग लगने की प्रारम्भिक वजह शार्ट सर्किट सामने आ रही है और होटल में लगे फर्नीचर की वजह से आग तेजी से फैल गई जिसके बाद करोड़ो के नुकसान का आंकलन भी किया गया। 

जानकारी के मुताबिक वर्ष 2009 – 2010 में होटल का रिनोवेशन किया गया था जिसके बाद होटल के कमरे और और नया फर्नीचर लगाया गया था। फिलहाल, पुलिस आगजनी की घटना केI पड़ताल में जुट गई है लेकिन इंदौर के बीजेपी विधायक रमेश मेंदोला के फेसबुक पेज पर जो हकीकत बयां की उससे ये साफ हो रहा है कि वक्त रहते इंदौर की बहुमंजिला इमारतों को फायर सेफ्टी दी जाए जिसका तरीका भी सरकार को इजाद करना होगा नही तो ऐसे हादसे आये दिन सामने आएंगे।