Swati Maliwal Case: स्वाति मालीवाल मामला बीजेपी का षड्यंत्र, केजरीवाल को फंसाने के लिए रची गई साजिश, बोलीं आतिशी

स्वाति मालीवाल से संबंधित आम आदमी पार्टी की तरफ से जारी वीडियो को लेकर बात रखी, जिसमें उन्होंने कहा कि स्वाति मालीवाल द्वारा लगाए गए आरोप बिल्कुल निराधार और झूठे हैं।

Minister Atishi

Swati Maliwal Case: स्वाति मालीवाल विवाद को लेकर आम आदमी पार्टी की वरिष्ठ नेता आतिशी प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने स्वाति मालीवाल से संबंधित आम आदमी पार्टी की तरफ से जारी वीडियो को लेकर बात रखी, जिसमें उन्होंने कहा कि स्वाति मालीवाल द्वारा लगाए गए आरोप बिल्कुल निराधार और झूठे हैं। इसके अलावा उन्होंने कहा कि यह पूरा मामला भारतीय जनता पार्टी द्वारा सोचा गया षड्यंत्र था, जिसमें स्वाति मालीवाल को इस षड्यंत्र का चेहरा बनाया गया। इस मामले के जरिए सीएम अरविंद केजरीवाल को फंसाने का इरादा था। इसी लिए 13 मई को सुबह-सुबह जबरजस्ती सीएम आवास में मुख्यमंत्री से मिलने की कोशिश की जा रही थी।

स्वाति मालीवाल पर लगाए आरोप

प्रेस कॉन्फ्रेंस में आतिशी ने राज्सभा सांसद और दिल्ली महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष स्वाति मालीवाल पर आरोप लगाया। इस दौरान उन्होंने कहा कि स्वाति मालीवाल के जरिए मुख्यमंत्री के पीए को धमकाया गया। इसके साथ ही उनकी नौकरी खाने की बात कही गई। इस दौरान उन्होंने अरविंद केजरीवाल के करीबी बिभव कुमार के साथ बदतमीजी की। उन्होंने प्रेंस कॉन्फ्रेंस में बताया कि स्वाति मालीवाल ने बिना किसी अपॉइंटमेंट के सीएम आवास में पहुंची। वहीं, सिक्योरिटी ऑफिसर के मना करने पर स्वाति ने धमकाकर कहा कि मैं राज्यसभा सांसद हूं, नौकरी ले लूंगी।

नए झूठ के साथ स्वाति मालीवाल आईं

प्रेस कॉन्फ्रेंस में आतिशी ने कहा कि बीजेपी ने 3 दिन बाद एक नए झूठ के साथ स्वाति मालीवाल को लेकर आई, लेकिन यह पूरा मामला आज वाडियो सामने आने का बाद सामने आ गया है। जिस प्रकार से स्वाति मालीवाल ने  पुलिस को, बिभव कुमार को धमका रही है और जिस प्रकार से वह आराम से सोफे पर बैठी हैं और न दर्द से कराह रही हैं। इससे साफ स्पष्ट होता है कि उनके द्वारा पुलिस को दिए गए से की गई शिकायत निराधार है।


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Shashank Baranwal

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पत्रकारिता उन चुनिंदा पेशों में से है जो समाज को सार्थक रूप देने में सक्षम है। पत्रकार जितना ज्यादा अपने काम के प्रति ईमानदार होगा पत्रकारिता उतनी ही ज्यादा प्रखर और प्रभावकारी होगी। पत्रकारिता एक ऐसा क्षेत्र है जिसके जरिये हम मज़लूमों, शोषितों या वो लोग जो हाशिये पर है उनकी आवाज आसानी से उठा सकते हैं। पत्रकार समाज मे उतनी ही अहम भूमिका निभाता है जितना एक साहित्यकार, समाज विचारक। ये तीनों ही पुराने पूर्वाग्रह को तोड़ते हैं और अवचेतन समाज में चेतना जागृत करने का काम करते हैं। मशहूर शायर अकबर इलाहाबादी ने अपने इस शेर में बहुत सही तरीके से पत्रकारिता की भूमिका की बात कही है–खींचो न कमानों को न तलवार निकालो जब तोप मुक़ाबिल हो तो अख़बार निकालोमैं भी एक कलम का सिपाही हूँ और पत्रकारिता से जुड़ा हुआ हूँ। मुझे साहित्य में भी रुचि है । मैं एक समतामूलक समाज बनाने के लिये तत्पर हूँ।

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