सरकारी डॉक्टर का मंत्री को पत्र, “बुरा लगे तो कानूनी कार्रवाई कर लो”

भोपाल, हरप्रीत कौर रीन। बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज के प्रोफेसर डॉक्टर सर्वेश जैन ने प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग को खुला पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने मेडिकल कॉलेजों में डिप्टी कलेक्टर बैठाने के सरकार के निर्णय का विरोध किया है। डॉक्टर सर्वेश ने पत्र को लेकर किसी भी तरह की कानूनी कार्रवाई करने के लिए मंत्री जी को फ्री हैंड दिया है।

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अपनी बेबाकी और चिर परिचित अंदाज में एक बार फिर इंदौर के बुंदेलखंड चिकित्सा महाविद्यालय के चिकित्सा शिक्षक संघ के अध्यक्ष डॉ सर्वेश जैन नजर आ रहे हैं। इस बार उन्होंने प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग को पत्र लिखा है और बीच कोरोना काल मे मेडिकल कॉलेजों में डिप्टी कलेक्टर बैठाने के सरकार के निर्णय को चुनौती दी है। दरअसल सरकार के पास एक प्रस्ताव विचाराधीन है जिसमें वह प्रदेश के सभी सरकारी मेडिकल कॉलेजों में बेहतर प्रबंधन को दृष्टिगत रखते हुए डिप्टी कलेक्टर को जवाबदेही देने जा रही है जिसका डॉक्टर विरोध कर रहे हैं।

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डॉक्टर सर्वेश जैन का पत्र भी इसी संदर्भ में है। उन्होंने मंत्री विश्वास को संबोधित करते हुए लिखा है “हम इतने दिन से मेडिकल कॉलेजों में डिप्टी कलेक्टर बिठाने का विरोध कर रहे हैं लेकिन आप अपनी चिर परिचित स्टाइल में आंदोलन पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। आपकी इन अदाओं पर आप के समर्थक रीझते होंगे, हम लोग नहीं। यदि आपने ध्यान नहीं दिया तो हम आईएमए मध्य प्रदेश एवं एमपी नर्सिंग होम एसोसिएशन के साथ कम से कम दो घंटे की कलम बंद हड़ताल करेंगे। लेकिन फिर आप न्यायपालिका और मीडिया से शिकायत करने लगते हैं कि डॉक्टर कोरोना के बीच हिप्पोक्रेटिक ओथ भूल गए हैं। पत्र में मंत्री जी से कहा गया है कि “आप जनता के सच्चे हितैषी हैं तो दो दिन के अंदर मीडिया के माध्यम से हमें मिलने का समय दें। डॉक्टर सर्वेश ने लिखा है कि “मैं मध्यप्रदेश शासन का अधिकारी हूं लेकिन जो तनख्वाह मुझे शासन देता है उससे मेरी अभिव्यक्ति की आजादी नहीं खरीदी जा सकती। यह चिट्ठी पूर्णत: संविधान सम्मत है। यदि आपको बुरा लगा हो तो आप किसी भी प्रकार की अनुशासनात्मक है कानूनी कार्रवाई के लिए स्वतंत्र हैं।”

सरकारी डॉक्टर का मंत्री को पत्र, "बुरा लगे तो कानूनी कार्रवाई कर लो"