बढ़ सकती हैं स्वरा की मुश्किलें, एसपी के पास पहुंची शिकायत

ग्वालियर।अतुल सक्सेना।

महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित “बिटिया उत्सव” में दिल्ली पुलिस को सांप्रदायिक बताने वाली और सांसद प्रज्ञा ठाकुर पर आपत्तिजनक टिप्पणी करनेवाली फिल्म अभिनेत्री स्वरा भास्कर के खिलाफ ग्वालियर के वकीलों ने शिकायत दर्ज कराई है। एसपी को सौंपी शिकायत में वकीलों ने स्वरा भास्कर और कार्यक्रम आयोजक महिला एवं बाल विभाग के संयुक्त संचालक सुरेश तोमर के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की मांग की है।

ग्वालियर में आयोजित सरकारी कार्यक्रम “बिटिया उत्सव” में भड़काऊ बयान देने वाली फिल्म अभिनेत्री स्वरा भास्कर को महिला एवं बाल विकास विभाग ने शुक्रवार को आमंत्रित किया था । स्वरा को बेटियों की सुरक्षा जैसे विषय पर विचार रखने थे लेकिन उन्होंने जो बयान दिया उसपर ग्वालियर के कुछ वकीलों ने आपत्ति जताई है। एडवोकेट रविंद्र दीक्षित के नेतृत्व में एडवोकेट जेपी शर्मा, एडवोकेट वरुण देव शर्मा, एडवोकेट राम पाठक सहित अन्य वकीलों ने पुलिस अधीक्षक नवनीत भसीन को सौंपी शिकायत में कहा कि ग्वालियर में सरकारी आयोजन में स्वरा भास्कर को बुलाकर और उन्हें मानदेय देकर महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया जबकि सभी जानते हैं कि वे अपने भड़काऊ बयानों को लेकर चर्चित रहती हैं। यहाँ स्वरा ने दिल्ली पुलिस को सांप्रदायिक होने के आरोप लगाए। । जो गैर जिम्मेदाराना है साथ ही पुलिस जैसी संवैधानिक सुरक्षा व्यवस्था के खिलाफ अविश्वास और आक्रोश बढ़ाने वाला है। शिकायत में कहा गया कि ये जानते हुए कि ग्वालियर शांतिप्रिय क्षेत्र है और यहाँ सभी लोग मिलजुलकर रहते हैं बावजूद इसके हिंदू मुसलमान की बात कर शहर की शांति व्यवस्था को साजिशन तहसनहस करने का स्वरा ने प्रयास किया। उनके द्वारा कोशिश की गई कि ग्वालियर के हिंदू मुसलमान एक दूसरे के खिलाफ खड़े हो जाये और पुलिस के प्रति उनके मन में अविश्वास पनपे। वकीलों ने अपनी शिकायत में कहा कि स्वरा ने दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र की सबसे बड़ी संवैधानिक संस्था हमारी संसद में जनता द्वारा चुनकर भेजी गई सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह को आतंकवादी कहकर संसद और लोकतंत्रिक व्यवस्था का अपमान किया है। इसलिए स्वरा भास्कर सहित उन्हें आमंत्रित करने वाले महिला एवं बाल विकास विभाग के संयुक्त संचालक ल है कि 7 दिन में यदि पुलिस ने स्वरा भास्कर पर मामला दर्ज नहीं किया तो वह न्यायालय की शरण में जाएंगे।

“बिटिया उत्सव” में ये कहा था स्वरा भास्कर ने

महिला एवं बाल विकास विभाग के चार दिवसीय बिटिया उत्सव में अतिथि के तौर पर फिल्म अभिनेत्री स्वरा भास्कर भी शामिल हुई थी । स्वरा ने साध्वी प्रज्ञा सिंह का नाम लिए बिना कहा कि हमने पिछले साल लोकसभा चुनाव में एक आतंक आरोपी को बड़े अंतर से जिताकर संसद पहुंचाया है क्या ये एंटी नेशनल नहीं है ? स्वरा यहीं नहीं रुकी अपनी आदत के मुताबिक उन्होंने हिंदू मुसलमान को लेकर भी यहाँ बात रखी। स्वरा ने दिल्ली पुलिस को कठघरे में खड़ा करते हैं कहा कि दिल्ली में दंगे हो रहे हैं और ऐसे में मैं यदि दिल्ली जाती हूँ तो मेरी आइडेंटिटी हिंदू होने के कारण पुलिस मुझ पर उतनी बर्बरता नहीं करेगी जितनी वो मुसलमानों पर कर रही है। खास बात ये है कि जब स्वरा भास्कर बोल रहीं थी तब उनके पास में ही आयोजन प्रमुख महिला एवं बाल विकास विभाग के संयुक्त संचालक सुरेश तोमर भी बैठे थे उन्होंने एक बार भी स्वरा को नहीं टोका उल्टा वे उन्हें देखते रहे।

भाजपा ने भी जताई है आपत्ति

स्वरा के बयान के बाद भाजपा हमलावर हो गई है। भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी लोकेंद्र पाराशर ने स्वरा भास्कर के बयान की निंदा करते हुए कहा कि भाजपा को ये कहते हुए दुख हो रहा है कि मप्र सरकार अपने अधिकारियों के माध्यम से देश द्रोह को बढ़ावा देने वाली ताकतों को प्रश्रय दे रही है। उन्होंने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग के उन अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए जिन्होंने सरकारी कार्यक्रम में स्वरा भास्कर को अतिथि बनाकर बुलाया।