पूर्व नेता अजय सिंह ने सिंहपुर घटना के लिए की उच्चस्तरीय जांच की मांग

पुलिस कस्टडी में संदिग्ध आरोपी राजपति कुशवाहा की गोली लगने से हुई मौत

सीधी, पंकज सिंह। मध्य प्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने सतना जिले के सिंहपुर थाने में पुलिस कस्टडी में नारायणपुर निवासी राजपति कुशवाहा की गोली लगने से हुई मौत की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।अजय सिंह ने जारी बयान में कहा है कि थाने के अंदर पुलिस की सर्विस रिवॉल्वर से किसी व्यक्ति की मौत हो जाना बेहद गंभीर मामला है। इस मामले में जो भी दोषी हों उनके खिलाफ प्रकरण पंजीबद्ध कर कड़ीं से कड़ीं कार्रवाई होनी चाहिये।

अजय सिंह ने प्रदेश सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक ओर प्रदेश के मुख्यमंत्री सार्वजनिक मंचों पर प्रदेश में अपराध कम होने का दावा करते हुए अपनी पीठ थपथपाते हैं, वहीं दूसरी ओर अपराधी तो दूर पुलिस के दामन पर ही दाग लग रहे हैं। अजय सिंह ने साफ कहा की सिंहपुर घटना से पुलिस की भूमिका पर सवाल खड़े हो रहे हैं, जिसकी उच्चस्तरीय जांच आवश्यक है। इसके साथ ही इस मामले में जो भी दोषी हों उन्हें नही बख्शा जाना चाहिए।

बता दें कि सतना जिले में चोरी के मामले में पुलिस की हिरासत में एक आरोपी की गोली लगने से मौत हो गई है। गिरफ्तार आरोपी को लॉकअप के अंदर गोली लगी है। आरोपी को गोली लगने की सूचना के बाद उसके परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों का आरोप है कि पुलिस अधिकारियों ने उसकी हत्या की है। गौरतलब है कि जिले के सिंहपुर थाना क्षेत्र में कुछ दिनों पहले चोरी का मामला सामने आया था। चोरों ने राइफल के साथ लाखों रुपए पर अपना हाथ साफ किया था। चोरी की वारदात की जांच कर रही पुलिस ने शक के आधार पर छापा मारकर मृतक राजपति कुशवाहा को गिरफ्तार किया था। मृतक के साथ 2 और लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया था और उनसे पूछताछ कर रही थी। बता दें कि मृतक आरोपी से चोरी की वारदात को लेकर पूछताछ की जा रही थी और इसी दौरान अचानक लॉकअप के अंदर से गोली चल गई। घटना के बाद तुरंत संदिग्ध आरोपी को इलाज के लिए बिरला अस्पताल लाया गया, जहां उसे प्राथमिक उपचार देने के बाद रीवा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया, जहां उसकी मौत हो गई।