महाकाल लोक के बाद अब कालभैरव का हो रहा सौंदर्यीकरण, श्रद्धालुओं को मिलेंगी ये सुविधाएं

चमत्कारी काल भैरव मंदिर में बाबा को मदिरा का भोग लगाया जाता है। बड़ी संख्या में यहां पहुंचने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए अब परिसर का सौंदर्यीकरण किया जा रहा है।

Ujjain News: उज्जैन में महाकाल लोक (Mahakal Lok) के विस्तार के बाद अब शहर के दूसरे हिस्से में भी सौंदर्यीकरण का काम किया जाने वाला है। महाकाल के बाद बाबा कालभैरव का मंदिर ऐसा है जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन करने के लिए पहुंचते हैं। इसी को देखते हुए अब मंदिर का सौंदर्यीकरण कर यहां पार्किंग एरिया बढ़ाने के साथ अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

जबसे महाकाल लोक का लोकार्पण हुआ है बाहरी श्रद्धालुओं की संख्या शहर में तेजी से बढ़ गई है। इस वजह से शहर के प्राचीन मंदिरों में आने जाने वाले लोगों का दबाव बढ़ गया है। कालभैरव में भी बाबा को मदिरा का भोग लगाने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं। इसी के चलते स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत परिसर का विकास तो किया ही जा रहा है। लेकिन अब श्रद्धालुओं के लिए दर्शन की सुविधाओं में बढ़ोतरी भी की जाएगी।

मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए सुविधा उपलब्ध कराने के लिए कलेक्टर ने स्मार्ट सिटी के अधिकारियों के साथ यहां का अवलोकन किया। यहां सभी बिंदुओं पर विचार विमर्श करने के बाद कलेक्टर ने एक प्लान तैयार करने को कहा है। बता दें कि सबसे ज्यादा ध्यान पार्किंग एरिया को बढ़ाने पर दिया जाएगा। फिलहाल 120 टू व्हीलर और 90 फोर व्हीलर पार्किंग का निर्माण चल रहा है, जिसे बढ़ाने की बात कही जा रही है। इसके लिए जमीन का अधिग्रहण भी किया जा चुका है। पार्किंग एरिया बढ़ जाने की वजह से आवागमन सुविधाजनक हो सकेगा और त्योहार के मौके पर सड़कों पर वाहन पार्क नहीं करने पड़ेंगे।

कालभैरव मंदिर में दूसरी बड़ी समस्या श्रद्धालुओं की एंट्री और एग्जिट की देखी जाती है। कलेक्टर का कहना है कि यहां पर आसानी से प्रवेश और निर्गम होना चाहिए। इसी के साथ परिसर में हरियाली और उद्यान को विकसित किया जाएगा। मंदिर के बाहरी हेरिटेज लुक को भी निखारे जाने पर काम होगा, पास में शिप्रा नदी भी स्थित है जहां घाटों का सौंदर्यीकरण होगा।