WhatsApp

टेक्नॉलॉजी, डेस्क रिपोर्ट। दिल्ली हाईकोर्ट ने आज WhatsApp और मूल कंपनी फेसबुक इंक (Facebook Inc.) के आदेश के खिलाफ अपील की सुनवाई की। इस दौरान नई प्राइवेसी पॉलिसी (new privacy policy) के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट (delhi highcourt) ने CCI की जांच में हस्तक्षेप करने से इंकार कर दिया।

दरअसल कंपटीशन कमीशन ने WhatsApp की नई प्राइवेसी पॉलिसी को लेकर जांच के आदेश दिए थे। WhatsApp की तरफ से सीनियर एडवोकेट हरीश साल्वे (harish salve) ने कोर्ट में कहा कि हमारी मामले में कोई रेगुलेटर बॉडी नहीं है। इसलिए सरकार यह फैसला करेगी। हमने कहा कि हम कुछ समय के लिए आईटी पॉलिसी को लागू नहीं करेंगे।

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इतना ही नहीं WhatsApp ने दिल्ली हाई कोर्ट में कहा कि जब तक डाटा प्रोटक्शन बिल (data protection bill) लागू नहीं हो जाता तब तक वह अपनी क्षमता को सीमित नहीं करेगा। इसका मतलब यह है कि जब तक व्हाट्सएप यूजर्स इन सुविधाओं का लाभ लेते हैं, वह चलता रहेगा। व्हाट्सएप ने कहा कि हमने सुरक्षा से अपडेट को तब तक के लिए रोक रखा है।

इसके साथ ही हरीश साल्वे ने कहा कि सरकार ने WhatsApp पॉलिसी बंद करने को कहा है लेकिन जब तक डाटा प्रोटक्शन बिल नहीं आता, तब तक इससे लागू नहीं किया जा सकता। बता दें कि इससे पहले 23 जून को दिल्ली हाईकोर्ट ने WhatsApp कि New प्राइवेसी पॉलिसी की जांच के आदेश दिए थे। इसी के साथ फेसबुक और मैनेजिंग ऐप से कुछ सूचना मांगने वाले CCI के नोटिस पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था।

इस मामले में हाईकोर्ट ने कहा था कि जांच में और कदम उठाने पर रोक लगाने का अनुरोध करने वाली एक अर्जी पहले ही दायर की जा चुकी जिसमें सीसीआई के महानिदेशक को नोटिस जारी किया गया था। इसके अलावा हाई कोर्ट ने कहा था कि हमने यह भी पाया कि पहले दायर अर्जी और मौजूदा अजीब है जैसी बातें कही गई है जिसके कारण 8 जून के नोटिस पर रोक लगाना उचित नहीं है।