MP में आज 1320 नए केस, बिना मास्क पेट्रोल-डीजल नहीं, गृहमंत्री बोले-अभी लॉकडाउन नहीं

डॉ नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि  अब बिना मास्क वाहन चालक को पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल नही दिया जाएगा।

mp home minister narottam mishra

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (MP Corona Update Today) में आज 7 जनवरी 2022 को 1320 नए कोरोना पॉजिटिव सामने आए है, इसमें भोपाल में 200 और इंदौर में 500 से ज्यादा केस मिले है, जिसके बाद एक्टिव केसों की संख्या 3700 पार हो गई है। इसी बीच मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का बड़ा बयान सामने आया है। नरोत्तम मिश्रा ने साफ कहा है कि कोरोना प्रोटोकॉल (Corona Protocol) का पालन कराने और सख्ती करेंगे। अब बिना मास्क एमपी में पेट्रोल -डीजल नहीं मिलेगा। लॉकडाउन या कर्फ्यू जैसा कोई प्रस्ताव नहीं।

यह भी पढ़े.. NEET PG Counselling मामले पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला

आज मीडिया से चर्चा करते हुए गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा (Home Minister Dr. Narottam Mishra)  ने कहा कि प्रदेश में 24 घंटे में 68 हजार 760 लोगों का कोरोना टेस्ट कराया गया है , उसमें 1320 लोग पॉजिटिव आए हैं, इसमें पुलिस के कुल 13 जवान कोरोना से संक्रमित है । पिछले 24 घंटे में 169 लोग स्वस्थ हुए हैं। अभी प्रदेश में 3780 एक्टिव केस है।कोरोना संक्रमण की दर 1.94% और रिकवरी रेट 97.90% है।हालातों को देखते हुए सरकार फैसले लेगी, लेकिन फिलहाल गृह विभाग के पास लॉकडाउन (MP Lockdown) लगाने या कर्फ्यू लगाने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नही है।

डॉ नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि  बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए अब सरकार और सख्त कदम उठाने जा रही है। कोरोना प्रोटोकॉल का पालन कराने और सख्त कदम उठाए जा रहे है। अब बिना मास्क वाहन चालक को पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल नही दिया जाएगा। कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए कोरोना प्रोटोकॉल का पालन जरूरी है। इस प्रोटोकॉल का पालन सभी करें, इसको लेकर सरकार ने कई सख्त प्रतिबंध लगाए है। अब मास्क नही पहनने पर पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल -डीजल (Petrol-Diesel) नही दिया जाएगा।मास्क नही पहनने पर जुर्माने की राशि बढ़ाने और खुली जेल का प्रस्ताव पर भी विचार किया जा रहा है।

यह भी पढ़े.. सरकारी नौकरी 2022: यहां 8000 पदों पर निकली भर्ती, 28 जनवरी लास्ट डेट, जानें आयु-पात्रता

डॉ नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि  पिछली बार के वेरिएंट और इस बार के वेरिएंट में अंतर है। पिछली बार परिस्थितियां अलग प्रकार की थीपिछले 2 साल में जितनी भी यात्रा निकली वह एक भी ऐसी नहीं थी, जिसमें कोरोना का सहारा लेना पड़ा, हमारे लिए लोगों की जान पहले जरूरी है लोगों का स्वास्थ्य जरूरी है यह पॉलिटिकल पाखंड की हमें कोई जरूरत नहीं है। वैक्सीनेशन का काम भी तेजी से चल रहा है।अधिकतम लोगों को वैक्सीन लग चुकी है हमारा पूरा प्रयास है कि हम कोरोना की तीसरी लहर (Corona Third Wave) को फैलने नहीं दें।