पट्टा छिनने के सदमे में किसान ने रेंजर के सामने पीया जहर, प्रताड़ना के आरोप

1219
-In-the-shock-farmer-take-poison-in-front-of-the-Ranger-in-agar-malwa-allegations-of-torture

आगर मालवा| गिरीश सक्सेना| तीस साल पुराना पट्टा अपने हाथ से जाते देख आगर मालवा जिले में किसान अमरसिंह द्वारा वन विभाग की रेंजर ऋतु चौधरी के सामने कीटनाशक पीकर आत्महत्या का प्रयास करने का मामला सामने आया है । अमरसिंह को गंभीर स्थिति में पहले सुसनेर स्वास्थ केंद्र फिर आगर जिला चिकित्सालय और इसके बाद उज्जैन रेफर कर दिया गया है ।

प्राथमिक रूप से जो मामला सामने आया है उसके अनुसार आगर मालवा जिले के ग्राम पायली के किसान अमरसिंह को करीब तीस वर्ष पूर्व 5 बीघा कृषि भूमि का पट्टा दिया गया था और तभी से वह इस पर कृषि कार्य कर अपने परिवार का भरण पोषण करता आ रहा था । इस बीच देवास में निर्मित धतूनी परियोजना में फारेस्ट विभाग की कई हेक्टेयर भूमि डूब में आई जिसके बदले शासन ने वन विभाग को 2012 में आगर मालवा जिले में राजस्व विभाग की भूमि आवंटित की ।  इसके तहत कुछ हेक्टेयर भूमि जिले के आगर में तो 55 हेक्टेयर भूमि सुसनेर के पास उपलब्ध कराई गई।सुसनेर के पास जो भूमि उपलब्ध कराई गई उसमे ही पीड़ित किसान की वह 1 हेक्टेयर भूमि भी थी जिसका पट्टा शासन द्वारा करीब 30 वर्ष पूर्व पीड़ित किसान के पक्ष में जारी किया गया था पर वन विभाग को भूमि देते समय शासन ने यह पट्टा निरस्त कर दिया था ।

जब 2016 में इस भूमि का सीमांकन वन विभाग ने करवाना प्रारम्भ किया तभी से पीड़ित किसान अमरसिंह एवं वन विभाग के बीच खींचतान चली आ रही है । एक तरफ किसान का कहना है कि वह एक गरीब परिवार से है और यह भूमि यदि उससे ले ली गई तो फिर उसके परिवार का भरण पोषण करना ही मुश्किल हो जाएगा और अपनी इसी जिद के चलते वो पहले ही संबंधित विभाग को कह चुका था कि भले ही उसकी जान चली जाए पर वह यह जमीन नही छोड़ेगा और इस दौरान अमरसिंह ने इस जमीन पर फसल की बोवनी भी कर दी और उसकी सिचाई के लिए वन विभाग की भूमि पर ही स्थित तालाब से डीजल पंप तथा पाईप लाईन की भी व्यवस्था कर सिंचाई भी करने लगा ।

दूसरी ओर वन विभाग की अपने को आवंटित इस भूमि पर लगातार कब्जे का प्रयास करती रही और इसी के चलते कल जब सुसनेर वन विभाग की रेंजर ऋतु चौधरी इस भूमि के निरीक्षण करने पहुची तो उन्होंने अमरसिंह द्वारा वहां सिचाई में उपयोग लाए जा रहे डीजल पंप और पाइप को जब्त करने की कार्यवाही प्रारम्भ कर दी । रेंजर द्वारा की जा रही इस प्रकार की कार्यवाही से क्षुब्ध अमरसिंह ने रेजर के सामने ही कीटनाशक पीकर अपनी जान देने का प्रयास किया है जिसमे उसमे गंभीर स्थिति में अस्पताल पहुचाया गया है । हालांकि बाद में रेंजर ने भी सुसनेर थाने में एक शिकायती आवेदन देकर अमरसिंह पर शासकीय कार्य मे बाधा उत्पन्न कर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने को लेकर कार्यवाही की मांग की है ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here