Indore News : सेवानिवृत्त नौसेना अधिकारी के घर लाखों की चोरी का पुलिस ने किया खुलासा, दो आरोपी गिरफ्तार

पुलिस ने आरोपियों से तकरीबन 20 लाख रुपए चोरी गया माल भी जप्त कर लिया है।

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Indore News : इंदौर शहर के लसुड़िया थाना क्षेत्र में छोटी मोटी चोरी करने वाले आरोपियों ने चोरी की बड़ी घटना को अंजाम दिया और मामले में मुकदमा दर्ज होने के बाद घटना को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को क्षेत्र में लगे 500 से सीसीटीवी खंगालने और मुखबिर तंत्र की मदद से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों से तकरीबन 20 लाख रुपए चोरी गया माल भी पुलिस ने जप्त किया गया है।

क्या है पूरा मामला

लसूडिया थाना क्षेत्र में रहने वाले रिटायर्ड इंडियन नेवी अधिकारी रंजीत सिंह परिहार अपने परिवार के साथ कुछ दिनों के लिए बाहर गए हुए थे। इसी बीच चोरों ने सुना घर देखकर घर का ताला तोड़ चोरी की घटना को अंजाम दिया था। घर में रखें सोने के आभूषण चुरा कर ले गए थे। जिनकी कीमत तकरीबन 20 लाख रुपए से अधिक थी रिटायर्ड नेवी अधिकारी की शिकायत पर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए चोरों की पतासी के लिए क्षेत्र में लगे 500 से अधिक सीसीटीवी कैमरे चेक किए गए थे। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सनी उइके और दिवाकर गोलाइट को गिरफ्तार कर सोने के आभूषण और एक R15 बाइक भी जप्त की है। दोनों ही आरोपियों को लग्जरी लाइफ जीने का शौक है, सोशल मीडिया पर भी एक्टिव रहते हैं। रील अपलोड करना बाइक स्टैंड जैसे कई तरह के शौक पूरे करने के लिए चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया करते थे।

एसीपी कृष्ण लालचंदानी ने बताया कि स्कीम न 114 में लगे सीसीटीवी चेक करने के बाद दो संदिग्ध दिखे थे। मुखबिर तंत्रों को एक्टिव किया था, जिनकी सूचना पर सनी और दिवाकर को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि छोटी मोटी चोरी की घटनाओं को अंजाम देकर चोरी का माल कबाड़ में बेच दिया करते थे। उन घटनाओं से कॉन्फिडेंस होकर इस बड़ी चोरी की घटना को अंजाम दिया था। चोरों से पूरा माल जप्त कर लिया है, सुना घर देख कर घर में घुसे थे वही रखें सब्बल से ताला तोड़कर सोने की जेवरात चोरी किए थे।

इंदौर से शकील अंसारी की रिपोर्ट


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Amit Sengar

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मुझे अपने आप पर गर्व है कि में एक पत्रकार हूँ। क्योंकि पत्रकार होना अपने आप में कलाकार, चिंतक, लेखक या जन-हित में काम करने वाले वकील जैसा होता है। पत्रकार कोई कारोबारी, व्यापारी या राजनेता नहीं होता है वह व्यापक जनता की भलाई के सरोकारों से संचालित होता है।वहीं हेनरी ल्यूस ने कहा है कि “मैं जर्नलिस्ट बना ताकि दुनिया के दिल के अधिक करीब रहूं।”