अवैध कॉलोनियों के खिलाफ प्रशासन आज से कसेगी शिकंजा, एफआइआर भी की जाएगी दर्ज

डिजिटल डेस्क,भोपाल। राजधानी भोपाल में आज अवैध कॉलोनियो के खिलाफ कार्यवाई की जाएगी। भोपाल में काटी गईं 150 से अधिक निर्माणाधीन अवैध कॉलोनियों के खिलाफ गुरुवार से कार्रवाई शुरू होगी। बताया जा रहा है कि, कुछ अवैध कॉलोनियों को नगर निगम और जिला प्रशासन का अमला हटाने की कार्रवाई करेगा। वहीं, इन अवैध कॉलोनी काटने वालों के खिलाफ भी एफआइआर दर्ज कराई जाएगी।

मिली सूचना के आधार पर बताया जा रहा है कि कलेक्टर अविनाश लवानिया ने नगर निगम आयुक्त वीएस चौधरी और चीफ सिटी प्लानर विजय सावलकर को निर्देश दे दिए हैं। मंगलवार को नगर निगम के अधिकारियों की बैठक होगी , जिसके बाद शाम को कार्रवाई शुरु की जाएगी।
इसके अलावा अवैध कॉलोनियों को बिजली कनेक्शन देना भी बंद कर दिया जाएगा।जिसकी वजह से सारे काम बंद हो जाऐगे और अवैध निर्माण में कमी आएगी। यह निर्देश भी दिए गए है कि अगर अवैध कॉलोनियों में बिजली कनेक्शन दिए गए तो संबंधित क्षेत्र के अधिकारी पर कार्रवाई की जाएगी। इतना ही नहीं, अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाने के लिए छोटे प्लॉट्स की रजिस्ट्री पर भी रोक लगाई जा रही है। अवैध कॉलोनियों पर कार्रवाई करने के बाद प्रशासन और नगर निगम यहां अवैध कॉलोनी का बोर्ड लगाएगा।

धारा 59(2) बड़ा रही अवैध कॉलोनिया
बता दें कि कुछ समय पहले मप्र सरकार ने भू-राजस्व संहिता में संशोधन कर डायवर्सन की धारा 172 हटा दी है। इसकी जगह पर धारा 59(2) का उपयोग उन मामलों में किया जा रहा है। इस वजह से तेजी से अवैध कॉलोनियां (बिना डायवर्सन) कट रही हैं। अवैध कॉलोनी काटने वाले बिल्‍डर्स को सरकार जुर्माने स्वरूप नोटिस जारी कर रही है कि आपके भू-राजस्व का पुन: निर्धारण कर वसूली जाएगी। इसे बड़ी बात बिल्डर्स के लिए क्या होगी की सरकार खुद राजस्व वसूलने के लिए प्रीमियम और भू-भाटक तय कर नोटिस जारी कर रही है। जिसका शुल्क जमा करने पर उनका डायवर्सन मान्या किया जाएगा। इसके चलते अवैध कॉलोनी काटने वाले जमीनों का पैसा देने के लिए भी तैयार हैं, लेकिन टीएंडसीपी और नगर निगम से इसका कोई लेना देना नहीं है।

2016 में भी लगी थी छोटे प्‍लॉट्स के नामांतरण पर रोक
राजधानी भोपाल में दो साल पहले भी 2156 वर्गफीट से छोटे प्लॉट्स के नमांतरण पर रोक लगाई गई थी। तत्कालीन कलेक्टर निशांत वरवड़े ने ही 2016 में लगाई थी रोक। जिसके बाद वैद्य कॉलोनियों के ही छोटे प्लॉट्स के नामांतरण किए गए थे। यह रोक अवैध कब्जे और प्लाटिंग के मामले बढ़ने के चलते लगाई गई थी। लेकिन, फिर कुछ समय बाद इसे हटा दिया गया था। इसके वजह से शहर में कई अवैध कॉलोनियां कट गई हैं।

जाने क्या कहना है कलेक्टर अविनाश लवानिया का
-राजस्व संहिता में हुए संशोधन के कारण डायवर्सन की धारा खत्म हो गई है। इसके चलते अवैध कॉलोनियां तेजी से पनप रही हैं। बिल्डर राजस्व जमा करने के कागज को ही डायवर्सन मान रहे हैं। इस पर रोक लगनी चाहिए। -राशिद नूर खान, सामाजिक कार्यकर्ता

अवैध कॉलोनियों के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराने के निर्देश नगर निगम के अधिकारियों को दिए गए हैं। वहीं निर्माणाधीन कॉलोनियों को पूर्व की तरह करने के निर्देश दिए। बिजली कनेक्शन नहीं दिया जाएगा। हमने बिजली कंपनी के अधिकारियों के साथ मिलकर यह निर्णय लिया है। -अविनाश लवानिया, कलेक्टर, भोपाल