Money Saving Scheme: एलआईसी की धांसू स्कीम, बचेगा टैक्स, बचत के साथ मिलेगा बीमा का लाभ, होगा डबल फायदा

money saving tips

Money Saving Scheme: भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) को निवेश के लिए भरोसेमंद आर सुरक्षित प्लेटफ़ॉर्म माना जाता है। एलआईसी निवेश के लिए कई विकल्प देती है, जिसमें निवेश करके अच्छा फंड बनाया जा सकता है। साथ ही बचत भी किया जा सकता है। टैक्स सेविंग के भी कई योजनाएं उपलब्ध है। इसमें से एक एलआईसी बचत प्लस प्लान (Bachat Plus Plan) है। इसमें सेविंग के साथ सुरक्षा की सुविधा भी मिलती है।

पॉलिसी के तहत मिलने वाली सुविधाएं

बचत प्लस प्लान के तहत इंश्योरेंस कवर मिलता है। इसके तहत पॉलिसिहोल्डर की मृत्यु के बाद परिवार को आर्थिक सहायता मिलती है। मैच्योरिटी के वक्त निवेशकों को एकमुश्त रकम प्रदान किया जाता है। 3 महीने का फ्री लुक पीरियड मिलता है। 2 साल तक प्रीमियम भुगतान करने के बाद लोन के भी अप्लाई किया जा सकता है। इसके अलावा इनकम टैक्स सेक्शन 80C के तहत टैक्स छूट की सुविधा भी मिलती है।

कितना कर सकते हैं निवेश?

पॉलिसी में कम से कम 1 लाख रुपये बीमा राशि होती है। अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं होती है। निवेशक अपनी मर्जी के मासिक, छमाही, तिमाही और सलाना प्रीमियम भुगतान का विकल्प चुन सकते हैं। एक बार में प्रीमियम जमा करने का ऑप्शन भी मिलता है। 5 साल की लिमिटेड अवधि तक प्रीमियम भुगतान भी करने की अनुमति होती है।

ऐसे उठायें लाभ

ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों तरीके से पॉलिसी को खरीदा जा सकता है। ऑनलाइन निवेश के लिए ऑफिशयल वेबसाइट “www.licindia.in” पर जाएं।

(Disclaimer: इस आलेख का उद्देश्य केवल सामान्य जानकारी साझा करना है। MP Breaking News किसी भी स्कीम में निवेश की सलाह नहीं देता।)


About Author
Manisha Kumari Pandey

Manisha Kumari Pandey

पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।"

Other Latest News