कोरोना वैक्सीन की प्रभावकारिता पर संदेह नहीं, नासिक में हुए विश्लेषण से सामने आई सकारात्मक खबर

देश में कुछ ऐसे भी मामले सामने आए हैं जिनके चलते कोरोना वैक्सीन की प्रभावोत्पादकता (efficacy) पर प्रश्न किये जा रहे हैं। लेकिन वैक्सीन को लेकर हमको कुछ बातें समझनी हैं और दूसरों को भी समझानी हैं।

भोपाल,डेस्क रिपोर्ट। देश में कोरोना (corona) ने जो तांडव मचा रखा है उससे हम सब वाकिफ हैं। जहां एक के बाद एक सभी रिकॉर्ड (record) टूट रहे हैं तो वहीं मौतों (death) में भी वृद्धि हो रही है। प्रशासन, नेता, डॉक्टर, आमजन सभी इस महामारी (pandemic) ने जिन परिस्थितियों को जन्म दिया है उनसे लड़ रहे हैं। ऐसे में देश में कोरोना के खिलाफ टीकाकरण (vaccination) भी चालू है। विशेषज्ञों (experts) ने सभी पात्र लोगों से कोरोना वैक्सीन अवश्य से अवश्य लेने की अपील की है। वहीं देश में कुछ ऐसे भी मामले सामने आए हैं जिनके चलते वैक्सीन की प्रभावोत्पादकता (efficacy) पर प्रश्न किये जा रहे हैं। लेकिन वैक्सीन को लेकर हमको कुछ बातें समझनी हैं और दूसरों को भी समझानी हैं।

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हाल ही में नासिक में विश्लेषण के दौरान पाया गया कि कोरोना वैक्सीन ले चुके कुछ लोग कोरोना से संक्रमित तो हुए लेकिन उनमें कोरोना के बेहद हल्के लक्षण पाए गए इसी के साथ वे घर पर ही रह कर वापस से स्वस्थ हो गए।
ये विश्लेषण कुल 150 लोगों पर किया गया था जो कोविड के खिलाफ वैक्सीन का कम से कम एक डोज़ ले चुके थे। इसके बावजूद वे कोविड से संक्रमित हुए। इनमें से सिर्फ 5 लोगों में कुछ गंभीर लक्षण मिले। बता दें कि इनमें से किसी के भी घरवालों को इनके चलते कोरोना संक्रमण नहीं हुआ साथ ही 15 दिन के अंदर घर पर रहकर ही ये सब वापस से स्वस्थ हो गए। इन 150 लोगों में से 70% लोग 60 से अधिक आयु के थे वहीं 25% लोग 45 से अधिक आयु के थे।

बता दें कि न सिर्फ भारत में बल्कि अन्य कई देशों में इसी तरह के संक्रमित लोगों के बारे में पता चला और अच्छी बात ये है कि सभी जगह इन लोगों में या तो कोरोना के कोई लक्षण नहीं देखे गए या फिर बहुत ही हल्के लक्षण पाए गए। कहने का तात्पर्य ये है कि कोरोना की वैक्सीन आपके शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता तैयार कर देती है और आपको कोरोना से मौत के खतरे आदि से बाहर रखती है।

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डब्लू एच ओ के एक विशेषज्ञ डॉ केट ओ ब्रेन ने बताया कि वैक्सीन का पहला डोज़ लगने के बाद करीब 2 हफ्ते के अंदर रोग प्रतिरोधक क्षमता तैयार होने लगती है। इसी के साथ दूसरा डोज़ लगते ही रोग प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि आ जाती है। हालांकि सभी विशेषज्ञों और डॉक्टरों ने वैक्सीन लगने के बाद भी कोवि प्रोटोकॉल जैसे कि मास्क पहनना, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना आदि को अनिवार्य बताया है। लेकिन इसी के साथ सभी पात्र लोगों से कोरोना वैक्सीन लेने की अपील भी की है।